ٱلْمَسَد
सूरह अल-मसद्द
The Palm Fiber
5 आयतेंमक्की
सूरह अल-मसद्द (المسد, अर्थ: The Palm Fiber) क़ुरआन की 111वीं सूरह है। यह मक्की सूरह है जिसमें 5 आयतें हैं, और यह पारा 30 में मदनी मुसहफ़ के पृष्ठ 603 से शुरू होती है।
بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَٰنِ ٱلرَّحِيمِ
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सूरह अल-मसद्द की सभी आयतें — अरबी और हिंदी अनुवाद
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- 111:1تَبَّتْ يَدَآ أَبِى لَهَبٍ وَتَبَّअबू लहब के दोनों हाथ नाश हो जाएँ! और वह (स्वयं) विनष्ट हो गया।
- 111:2مَآ أَغْنَىٰ عَنْهُ مَالُهُۥ وَمَا كَسَبَउसका धन तथा जो कुछ उसने कमाया था, उसके काम नहीं आया।
- 111:3سَيَصْلَىٰ نَارًا ذَاتَ لَهَبٍजल्द ही वह लपट वाली आग में दाख़िल होगा।
- 111:4وَٱمْرَأَتُهُۥ حَمَّالَةَ ٱلْحَطَبِतथा उसकी पत्नी (भी जहन्नम में जाएगी), जो ईंधन उठाने वाली है।
- 111:5فِى جِيدِهَا حَبْلٌ مِّن مَّسَدٍۭउसकी गर्दन में मज़बूत बटी हुई रस्सी होगी।
सूरह सुनेंMishary Alafasy